और वे भण्डारी अपने अपने महीने में राजा सुलैमान के लिये और जितने उसकी मेज़ पर आते थे, उन सभों के लिये भोजन का प्रबन्ध करते थे, और किसी वस्तु की घटी होने नहीं पाती थी।